RAGHUVIR SINGH CHAUDHARY : कैसे एक डिलीवरी बॉय ने शुरू किया अपना स्टार्टअप, आज कमाई है लाखों में

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raghuvir singh chaudhary

“जिसने भी किया है कुछ बड़ा वो कभी किसी से नहीं डरा I”

RAGHUVIR SINGH CHAUDHARY SUCCESS STORY : बदलते समय के साथ नए दौर में रोज़गार के अवसर भी बदलते जा रहे है. एक दौर ऐसा भी हुआ करता था जब व्यक्ति के सामने सिर्फ़ कुछ क्षेत्रों में ही रोजगार के अवसर उपलब्ध हुआ करते थे. किंतु जैसे-जैसे समय बदला वैसे-वैसे ही ‘सॉफ्टवेयर विकास और आईटी सक्रिय सेवा’ का जमाना आया ओर इससे दुनियाँ भर सहित भारत के लिए भी रोज़गार के नए अवसर उपलब्ध हुए. वरतमान समय में सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आई क्रांति ने जहाँ एक ओर नए लोगों को कारोबार के अनगिनत अवसर मुहैया कराये, वहीं दूसरी ओर वह नई पीढ़ी के युवाओं को खुद के पैरो पर खड़ा होने के लिए भी प्रोत्साहित कर रही है.

इस बदलती टेक्नॉलोजी की वजह से ही हमें नित नए-नए स्टार्टअप के बारे में पढ़ने और सुनने को मिलता है. और इस टेक्नॉलोजी की सबसे खास बात यह है कि इससे सिर्फ वही लोग स्टार्टअप शुरू नहीं कर रहे जो की पहले से ही आर्थिक रूप से मजबूत हैं बल्कि कई लोगों ने इस टेक्नॉलोजी का सही इस्तेमाल कर शून्य से अपने सफल कारोबार की स्थापना की है.

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RAGHUVIR SINGH CHAUDHARY

राजस्थान के गरीब परिवार से आते है RAGHUVIR SINGH CHAUDHARY

आज की कहानी भी रघुवीर सिंह चौधरी (RAGHUVIR SINGH CHAUDHARY) नाम के एक ऐसे ही साधारण लड़के की कहानी हैं जो कि जयपुर के एक बेहद ही गरीब परिवार से ताल्लुक रखता है. उसकी ग़रीबी का आलम यह था कि उसे घर के बुरे आर्थिक हालातों की वजह से अपनी पढ़ाई बीच में ही छोड़ कर नौकरी की तलाश में घर से बाहर बड़े शहर की और निकलना पड़ा. ओर आख़िर में काफी जद्दोजहद के बाद उसनें मात्र नौ हजार रुपये की साधारण सी तनख्वाह पर ऑनलाइन शौपिंग वेबसाइट अमेजन में डिलीवरी ब्वाय की नौकरी शुरू कर दी. इस नौकरी के दौरान हर दिन रघुवीर सिंह चौधरी अपने साइकिल पर सामान बांध कर घर-घर उसी डिलीवरी किया करता था.

एक दिन डिलीवरी करने के दौरान ही जब उसने थक कर चाय पीने के लिए आस-पास चाय की दुकान ढूँढना शुरू किया तो उसे काफ़ी देर की बड़ी मशक्कत से एक चाय की दुकान दिखी. चाय के लिए इस मशक्कत के बाद जब उसे चाय मिली तो उसके दिमाग में एक आइडिया सूझा, वह आयडिया यह था कि जब किसी भी सामान को पहुंचाने के लिए कोई कंपनी कमिटमेंट ओर निर्धारित समय में डिलीवरी की सुविधा दे सकती है तो फिर वह चाय के मामले में ऐसा क्यों नहीं कर सकते हैं. रघुवीर को जब यह आयडिया आया तो उसे इस बात का तनिक भी अंदाज़ा नहीं था कि एक कप चाय के प्याले में रूप में दिखा हुआ यह आइडिया आने वाले वक़्त में उसके लिए बेहद क्रांतिकारी साबित होगा.

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शुरू किया चाय की डिलीवरी

अपने इस आइडिया को हकीकत में तब्दील करने के लिए रघुवीर सिंह चौधरी ने अपने तीन दोस्तों के साथ बिना किसी बड़ी पूंजी लगाए एक साधारण ओर छोटे से कमरे में चाय बनाना शुरू किया. अपने इस स्टार्टअप की शुरुआत में उन्होंने बाज़ार के छोटे-छोटे दुकानों से संपर्क कर चाय के लिए उनके आर्डर लेने शुरू कर दिए.

अपनी गुणवत्तापूर्ण और गरमा-गरम चाय की डिलीवरी से उन्होंने कुछ ही दिनों में करीब सौ-डेढ़ सौ दुकानों और शो रूम को अपनी ओर आकर्षित कर लिया ओर उन्हें चाय की डिलीवरी करने लगे. अपने इस स्टार्टअप की शुरुआत में उन्होंने खुद अपनी साइकिल से ही दुकान-दुकान घूम-घूम कर चाय की डिलीवरी की थी. लेकिन समय के साथ अपने चाय की बढ़ती हुई डिमांड को देखते हुए उन्होंने बाइक से चाय की डिलीवरी करनी आरम्भ कर दी.

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जयपुर में हर जगह करते है चाय की सप्लाई

वर्तमान समय में रघुवीर सिंह चौधरी के जयपुर में 4 से ज्यादा चाय के सेंटर है और इन्हें प्रत्येक सेंटर से हर दिन 500 से लेकर 700 लोगों की चाय के ऑर्डर दुकानों, शोरूम और घरों से ही आ जाते हैं. यही नहीं आज रघुवीर सिंह चौधरी की मासिक आमदनी लाखों रुपयों में है. उनकी बढ़ती हुई प्रसिधि के कारण वे अपने सेंटर पर दस से ज्यादा स्टाफ और चार बाइक की मदद से अपना इस स्टार्टअप के द्वारा पूरे जयपुर को गरमागरम चाय की चुस्की लेने का आनंद मुहैया करा रहे है. इतना ही नहीं आज कोई भी नया व्यक्ति कहीं से भी अपने व्हाट्सऐप के जरिये भी उनके यहाँ पर अपने लिए चाय की बुकिंग कर सकता है.

किसी समय में एक पुरानी से साइकिल पर घर-घर सामानों की डिलीवरी करने वाले रघुवीर सिंह चौधरी आज एक सफल स्टार्टअप के संचालक हैं. इनकी इस सफलता से हमारे युवाओं को यह सीख मिलती है कि हमारे आस-पास भी अवसरों की कमी नहीं होती, बस हमें अपनी काबिलियत के द्वारा उपस्थित अवसरों को पहचानने की जरुरत होती है. और जो इंसान अवसर की पहचान सही वक़्त पर करने में कामयाब हो जाता है उसे सफल होने से दुनिया की कोई भी ताकत नहीं रोक सकती.

ओर एक बात ओर आप इसे ज्यादा से ज्यादा लोगों को शेयर करे ताकि लोग इससे प्रेरणा ले सके. 

तो दोस्तों फिर मिलते है एक और ऐसे ही किसी प्रेणादायक शख्शियत की कहानी के साथ…

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